तुम्हारा मन अपने आप सत्संग पीने लगेगा

तुम्हारा मन अपने आप सत्संग पीने लगेगा

मुख की मौन तुम्हे देवता बनाएगी, मन की मौन तुम्हे भगवान बनाएगी। भगवान को में और मेरा होता है क्या? तुम आत्मा है तो तुम मेरा बेटा मेरी स्त्री कैसे बोलता है? सब हमारे घर में भगवान है, एक ही परमात्मा है, ना में किसिका ना कोई मेरा। एक ही परमात्मा ने सब रूप धारण … Read more तुम्हारा मन अपने आप सत्संग पीने लगेगा

दिन भर अपनी समस्याओं का वर्णन मत करो ,, समस्याओं को गुरु ज्ञान से सुलझाते चलो

गुरु ज्ञान

गुरु जी ने बताया कि 🌼 चाँद की परछाईं चाँद से कम नही ,, ऐसे ही गुरु जी भगवान से अलग नही , गुरु जी भगवान ही है,,,,,,,,,,,,। 🌼दिन भर अपनी समस्याओं का वर्णन मत करो ,, समस्याओं को गुरु ज्ञान से सुलझाते चलो,,,,,,,,,,,,,। 🌼किसी ने दादा से कहा आप खुद को आत्मा कहते हो … Read more दिन भर अपनी समस्याओं का वर्णन मत करो ,, समस्याओं को गुरु ज्ञान से सुलझाते चलो

अपने जीवन का रिमोट दूसरों के हाथों में क्यों दे रखा है

गुरु जी ने बताया कि 🌻हमारा अहंकार हमे आगे बढ़ने नही देता । 🌻” मैं ” से ही सारी परेशानी है , मैं है तो ” मेरा ” है मेरा है तो जन्म मरण का घेरा है । 🌻कोई पैर छूता है तो कौनसा आशीर्वाद देते है ?, गुरु जी ने बताया कि , ये … Read more अपने जीवन का रिमोट दूसरों के हाथों में क्यों दे रखा है

🌹जीवन मे सलाह 1000 लोग देंगे, सहयोग विरला ही देता है

जीवन

गुरु जी ने बताया कि 🌹जैसे लकड़ी से उत्पन्न आग लकड़ी को भी जला देती है , ऐसे ही मनुष्य से उतपन्न क्रोध मनुष्य को ही खत्म कर देता है,,,,,,,,,,,,,। 🌹जहां रहकर , जहां बैठकर विक्षेपता आएं तो वहां से हट जाना ही समझदारी होती है,,,,,,,,,,,,। 🌹हमारी गाड़ी अगर सड़क पर 40 से आगे है … Read more 🌹जीवन मे सलाह 1000 लोग देंगे, सहयोग विरला ही देता है

जो सबसे अच्छा तैराक होता है अक्सर वही डूबता है

जो सबसे अच्छा तैराक होता है अक्सर वही डूबता है

🕉️ ज्ञानी अकर्ता भाव से कार्य करता है वह निमित्त मात्र है कराने वाला परमात्मा है। 🕉️ जब हम स्वय से ध्यान हटाकर दूसरे पर ध्यान देने लगते हैं तो हमसे गलतियां होने लगती है 🕉️ दुर्घटना हमेशा हाइवे पर होती है क्योंकि खाली रोड देखकर तुम निश्चिंत होकर असावधानी पूर्वक गाड़ी चलाने लगते हो। … Read more जो सबसे अच्छा तैराक होता है अक्सर वही डूबता है