Guru vaani 19 May 2019

Guru vaani 19 May 2019

🥀ज्ञानी भक्त के लक्षण बताएं,,,,,


1,🥀मेरे साथ भगवान हर पल है ये निश्चय रखें,,,,,,,,,,।


2,🥀श्रद्धा युक्त ,धर्म युक्त,निष्कामता से सेवा करना,,,,,,।


3,🥀निरासक्त भाव से आसक्ति रहित,मनन शील रहना,,,,,,,,।


4,🥀शुद्ध अशुद्ध ,दोनों का त्यागी,जो जैसा है वैसा स्वीकारना,,,,,,,।

Guru vaani 19 may 2019


5,🥀शोक रहित दुःख से छूटा हुआ,,,,,,,,।


6,🥀जो कामना रहित ईर्ष्या से ऊपर हो,,,,,,,,,।


7,🥀सबको समान प्रेम,उद्वेग रहित,,,,,,,,,।


8,🥀मन बुद्धि ईश्वर को अर्पण,,,,,,,,,।


9,🥀कैसी भी हालात आएं,अपने चहरे की कांति और शांति भंग न हो,,,,,,,,।


10,🥀मन और इंद्रियां वश में हो,,,,,,,,,।


11,🥀अपराधी को माफ करना सक्ष्मावान ,अभय दान देने वाला,,,,,,,,।


12,🥀हेतु रहित ,दयालु,मतलब बिना कारण दया करना,,,,,,,,।


🥀शुक्राने सतगुरु जी के हरि ॐ,,,,,,,,,।

☘जैसे गीले कपड़े में आग नही लग सकती है,,,,ऐसे ही हम प्रभु प्रेम में भीगे रहेंगे,,, तो माया की आग हमे जला नही सकती,,,,,,।
☘परमात्मा में “मति दी,, गुरु ने जीवन मे गति” दी,,,,,,।
☘अंत वेले मन कहीं भी नही जाएगा तो जन्म मरण के चक्कर से बच जाएंगे ,,,,तभी गुरु जी कहते है कि हर वेले प्रभु में ध्यान रहें,,,कोई भी कर्म करो,,,,अंत मति साई गति,,,,प्रभु को ध्याएँगे तो प्रभु को पाएंगे,,,,,,,,।
☘अहंकार सारे पापो का बाप है,,,”मैं ब्रह्म हु ये सब जापों का जाप है,,,,,मतलब सबसे बड़ा जाप मैं ब्रह्म हु ,,,,,,,,।


☘गुरु के सामने अपने गुणों को मत बताओ,,,,,,जो विचार परेशान करें वो बताएंगे तो उसका निवारण हो जाएगा,,,,,,,।
☘जो हमारे प्राण चला रहे है,,प्रभु ,,,वो चुप है,,धरती इतना दे रही है फिर भी चुप है,,,मनुष्य कुछ नही करता फिर भी ” मैं,,,मैं,,,करता है,,,,मैंने किया ,,,मैं करता हु,,,,,जबकि होता सब प्रभु की शक्ति से है,,,,,,।
☘क्यों कहते हो कि ये ग्रह बुरा है वो ग्रह बुरा ,,,सब ग्रह अच्छे होते है,,,,बस संग्रह करने की आदत बुरी होती है,,,,,,चाहे वस्तु,,,चाहे विचार ,,,,,,संग्रह मत करो,,,,,,,,।
☘शुक्राने सतगुरु जी के हरि ॐ,,,,,,,

495 Shares
Share via
Copy link
Powered by Social Snap